
गाजीपुर। स्वामी सहजानंद स्नातकोत्तर महाविद्यालय के मनोविज्ञान विभाग द्वारा आज “विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस” समारोह पूर्वक मनाया गया। महाविद्यालय के कुबेर नाथ राय सभागार में आयोजित इस कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए प्राचार्य प्रो. वी के राय ने कहा कि इसमें कोई दो राय नहीं की प्रतिस्पर्धा बहुत अधिक बढ़ गई है, दबाव बड़े हैं, चुनौतियां विकराल रुप से सामने खड़ी हैं, लेकिन इसे घबराने की आवश्यकता नहीं है,धैर्य रखें जीत अवश्य होगी। इस अवसर पर प्रो. अवधेश नारायण राय ने कहा कि रचनात्मकता दो प्रकार की होती है,सकारात्मक और नकारात्मक। समाज या राष्ट्र सकारात्मकता से बनता है,इसलिए सकारात्मक रहने की आवश्यकता है। उक्त के क्रम में बोलते हुए साहित्यकार डॉ. प्रमोद कुमार ‘अनंग’ ने कहा कि व्यक्ति से समाज बनता है, इसलिए व्यक्तिगत सुधार करने की आवश्यकता है, मुफ्त रहिए, मस्त रहिए, स्वस्थ रहिए। इसी क्रम में इस कार्यक्रम की संयोजिका मनोविज्ञानी डॉ. कंचन सिंह ने कहा कि कार्यस्थल पर हर व्यक्ति महत्वपूर्ण होता है, इसलिए उसके कार्य का सम्मान होना चाहिए और उसे उचित अवसर प्रदान किया जाना चाहिए ताकि वह खुलकर अपना संपूर्ण दे सके, “कार्यस्थल पर मानसिक स्वास्थ्य को बढ़ावा देने का समय अब आ गया है । मनोविज्ञान विभाग की अध्यक्ष डॉ तूलिका श्रीवास्तव ने कहा कि मानसिक रुप से स्वस्थ रहने के लिए कौशल विकास जरुरी है, खुद को स्वस्थ रखना जरुरी है और सही चुनाव कर लेना जरूरी है।इसके पूर्व मनोविज्ञान विभाग के स्नातक स्नातकोत्तर के विद्यार्थियों ने नाटक प्रहसन एवं अभिव्यक्ति के माध्यम से मानसिक स्वास्थ्य के प्रति लोगों में जागरूकता की भावना जगाई। इन विद्यार्थियों में मुख्य रुप से शीर्षदीप शर्मा, कुमारी अचला राय, अतिक खान, रितिका पांडे, रानी, सोनी,पायल, पिंकी , चांदनी प्रमुख रहे। इस अवसर पर अपनी बात रखने वालों में मुख्य रुप से डॉ. कृष्णानंद चतुर्वेदी, डॉ अवधेश कुमार पांडे, डॉ राकेश पाण्डेय, डॉ.नितिन राय, डॉ सौम्या वर्मा, डॉ विनय चौहान, डॉ सतीश कुमार पांडे, डॉ सतीश कुमार राय, डॉ नर नारायण राय सहित पूरा महाविद्यालय परिवार एवं सैकड़ों छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
Narad Vani The Critical Opinion